March Ekadashi 2025 Tithi,Mahatva,Puja Vidhi,Upay: आमलकी एकादशी 2025 में कब है? जाने क्यों की जाति है इस एकादशी पर आंवले के वृक्ष की पूजा

कार्तिक माह

प्रत्येक वर्ष फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को आमलकी एकादशी का व्रत रखा जाता है। वर्ष 2025 में यह व्रत 10 मार्च को मनाया जाएगा। धार्मिक शास्त्रों में इस एकादशी को विशेष महत्व प्रदान किया गया है। इस दिन भगवान विष्णु और आंवले के वृक्ष की पूजा-अर्चना की जाती है, जिसके कारण … Read more

Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 57 Shloka 57 | गीता अध्याय 2 श्लोक 57 अर्थ सहित | यः सर्वत्रानभिस्नेहस्तत्तत्प्राप्य…..

श्रीमद् भागवत गीता अध्याय 2 श्लोक 57 (Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 57 in Hindi): श्रीमद्भगवद्गीता, जिसे “जीवन का मार्गदर्शक ग्रंथ” कहा जाता है, हमें जीवन के हर पहलू को सही तरीके से समझने और जीने की प्रेरणा देती है। श्लोक 2.57 (Bhagavad Gita Chapter 2 Shloka 57) में, भगवान श्रीकृष्ण ने स्थिर प्रज्ञा का रहस्य … Read more

Gita Jayanti 2024: इस वर्ष गीता जयंती पर बन रहा है खास संयोग, जानिए तिथि और महत्व

महाभारत के युद्ध के समय भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था। हर साल मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की मोक्षदा एकादशी के दिन गीता जयंती बड़े उत्साह और भक्ति भाव से मनाई जाती है। इस वर्ष, 11 दिसंबर 2024 को मोक्षदा एकादशी पड़ रही है। इसी दिन भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन … Read more

कालाग्नि एक दिव्य ज्वाला जो भगवान शिव के मुख से प्रकट हुई थी, सृष्टि के संहार और सृजन दोनो से जुड़ी है ये दिव्य ज्वाला

भगवान शिव की एक अद्भुत और विनाशकारी शक्ति है उनके मुख से प्रकट हुई भयंकर ज्वाला, जिसे कालाग्नि के नाम से जाना जाता है। यह एक अत्यंत महत्वपूर्ण और शक्तिशाली पौराणिक घटना है, लेकिन यह ज्वाला क्यों प्रकट हुई और इसके अन्य पहलू क्या हैं, यह जानना बेहद रोचक है। भगवान शिव को संहारक के … Read more

Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 56 Shloka 56 | गीता अध्याय 2 श्लोक 56 अर्थ सहित | दुःखेष्वनुद्विग्नमनाः सुखेषु विगतस्पृहः…..

श्रीमद् भागवत गीता अध्याय 2 श्लोक 56 (Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 56 in Hindi): श्रीमद्भगवद्गीता का श्लोक 2.56(Bhagavad Gita Chapter 2 Shloka 56) जीवन की गहरी सच्चाइयों और मनुष्य के भीतर मौजूद दिव्य चेतना को समझने का मार्गदर्शन करता है। भगवान श्रीकृष्ण ने इस श्लोक में एक ऐसे मुनि का वर्णन किया है, जो जीवन … Read more

Mahabharat: शिखंडी कैसे बना एक स्त्री से पुरुष? क्यों लेना चाहता था वह भीष्म पितामह से बदला?

महाभारत के प्रसिद्ध पात्र शिखंडी का जीवन स्त्री से पुरुष बनने की यात्रा का प्रतीक है, जो उन्होंने कौरवों और पांडवों के बीच धर्मयुद्ध में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए अपनाई। कथा के अनुसार, शिखंडी कुछ समय तक स्त्री के शरीर में रहे और बाद में पूरी तरह पुरुष बन गए। महाभारत में भीष्म पितामह … Read more

Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 55 Shloka 55 | गीता अध्याय 2 श्लोक 55 अर्थ सहित | प्रजहाति यदा कामान्सर्वान्पार्थ…..

श्रीमद् भागवत गीता अध्याय 2 श्लोक 55 (Bhagavad Gita Chapter 2 Verse 55 in Hindi): श्रीमद्भगवद्गीता भारतीय संस्कृति और दर्शन का वह अनमोल ग्रंथ है जो जीवन के हर पहलू पर गहन मार्गदर्शन प्रदान करता है। गीता का हर श्लोक अपने भीतर अद्भुत ज्ञान और चेतना समेटे हुए है। श्लोक 2.55 (Bhagavad Gita Chapter 2 Shloka … Read more

क्यों धारण किया था हनुमान जी ने शेर का रूप? जाने इसके पीछे की पौराणिक कथा

हनुमान जी वानर रूप में अत्यंत शक्तिशाली और पराक्रमी हैं, लेकिन एक बार उन्होंने अपने वानर स्वरूप से भी अधिक बलशाली और भयंकर शेर का रूप धारण किया था। यह जानना रोचक है कि उन्होंने ऐसा कब और किस उद्देश्य से किया। हनुमान जी से जुड़ी कई पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं, लेकिन उनमें शायद ही … Read more

Bahula Chauth Katha:जाने बहुलावन से जुड़े भगवान श्री कृष्ण और गाय की कथा

Last Updated: 24 July 2025 Bahulavan Ki Katha : ब्रज मण्डल का बहुलावन एक अत्यंत रमणीय और आकर्षक वन है, जिसे वृंदावन के बारह प्रमुख वनों में पंचवां स्थान प्राप्त है। यह पवित्र वन मथुरा से पश्चिम में सात मील की दूरी पर, राधाकुंड और वृंदावन के मध्य स्थित है। वर्तमान समय में इसे “वाटी” … Read more

Janaki Jayanti 2025 Tithi,Katha,Puja Vidhi: जानकी जयंती 2025 में कब है, जाने तिथि और माता जानकी के जन्म की कथा

माता सीता रामायण के प्रमुख पात्रों में से एक हैं और भगवान राम की पत्नी के रूप में जानी जाती हैं। भगवान राम के साथ माता सीता की भी पूजा-अर्चना का विशेष महत्व है। फाल्गुन मास में मनाई जाने वाली जानकी जयंती पूरी तरह माता सीता को समर्पित होती है। इसे सीता अष्टमी के नाम … Read more

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