गोलोक वृंदावन में श्री राधारानी का जन्म(प्राकट्य) कैसे हुआ? जानिए रस-मंडल की अद्भुत कथा

गोलोक वृंदावन में श्री राधारानी का जन्म(प्राकट्य) कैसे हुआ? जानिए रस-मंडल की अद्भुत कथा | Festivalhindu.com

सनातन धर्म के प्रेम की सर्वोच्च प्रतिमूर्ति श्रीमति राधारानी का प्राकट्य कोई साधारण घटना नहीं, बल्कि सम्पूर्ण ब्रह्मांड के आध्यात्मिक संतुलन की नींव है। वे केवल श्रीकृष्ण की प्रेयसी नहीं, बल्कि उनकी आत्म-शक्ति, उनका दूसरा रूप हैं। राधा और कृष्ण, वास्तव में, एक ही परब्रह्म के दो स्वरूप हैं — ऊर्जा और ऊर्जावान, प्रेम और … Read more

श्री राधारानी ने मायापुर, नवद्वीप-धाम की रचना क्यों की? जानिए अनंत संहिता की दिव्य कथा

जब हम श्रीराधा और श्रीकृष्ण की प्रेमगाथा की बात करते हैं, तो वह केवल कोई साधारण कथा नहीं होती — वह साक्षात प्रेम की पराकाष्ठा, आत्मा की पुकार और भगवान को भी आकर्षित कर लेने वाली भक्ति का अद्वितीय उदाहरण होती है। ऐसे ही दिव्य प्रेम की एक अविस्मरणीय लीला है — श्री मायापुर, नवद्वीप-धाम … Read more

भागवत में श्री राधारानी का नाम क्यों नहीं है? जानिए वेदों और पुराणों से रहस्य

भारतीय आध्यात्मिक साहित्य में यदि कोई सबसे रहस्यमयी, सबसे मधुर और सबसे दिव्य चरित्र है, तो वह हैं — श्री राधारानी। वे न केवल श्रीकृष्ण की प्रियतम हैं, बल्कि उनकी आद्या शक्ति, पराशक्ति, रस की अधिष्ठात्री और सभी दिव्य भावों की केंद्रबिंदु हैं। परंतु आश्चर्य की बात यह है कि इतना महत्वपूर्ण और उच्चतम आध्यात्मिक … Read more

राधारानी और श्रीकृष्ण का प्रेम संबंध: जानें श्रीकृष्ण के प्रति उनके दिव्य प्रेम की गहराई

जब हम प्रेम शब्द का उपयोग करते हैं, तो अक्सर हमारी सोच सांसारिक रिश्तों तक ही सीमित रहती है। लेकिन जब बात राधारानी और श्रीकृष्ण का प्रेम की होती है, तो यह संबंध किसी सांसारिक आकर्षण या वासना से परे, एक शुद्ध और दिव्य प्रेम का प्रतीक बन जाता है। इस लेख में हम समझेंगे … Read more

श्री राधारानी कौन हैं? एक दिव्य रहस्य जो आत्मा को स्पर्श करता है

हिंदू सनातन परंपरा में यदि कोई नाम भगवान श्रीकृष्ण के साथ सहज भाव से लिया जाता है, तो वह है – श्री राधारानी। परंतु क्या हम वास्तव में जानते हैं कि राधारानी कौन हैं? क्या वे केवल एक सुंदर गोपी थीं, जिनसे श्रीकृष्ण प्रेम करते थे? या फिर उनका अस्तित्व उस दिव्य और आध्यात्मिक संसार … Read more

Jagannath Mandir Ke Rahasya| जगन्नाथ मंदिर के अदभुत रहस्य | जानिये ब्रह्म तत्व की किंवदंतियां

जगन्नाथ मंदिर के बारे में: जब भगवान श्रीकृष्ण ने अपना देह त्याग किया, तो उनके शरीर का अंतिम संस्कार विधिपूर्वक किया गया। पंचतत्व में विलीन होने की प्रक्रिया में उनका सम्पूर्ण शरीर अग्नि को समर्पित कर दिया गया, परंतु एक अद्भुत चमत्कार घटित हुआ—श्रीकृष्ण का हृदय अग्नि में नष्ट नहीं हुआ। वह हृदय वैसा ही … Read more

Mahabharat | द्रौपदी पिछले जन्म में कौन थी | किस कारण बनी थी 5 पांडवो की पत्नी

Mahabharat Story : महाभारत की प्रमुख पात्रों में द्रौपदी का नाम सर्वोपरि है। वे पांचों पांडव — युधिष्ठिर, भीम, अर्जुन, नकुल और सहदेव — की पत्नी के रूप में जानी जाती हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि उनके पांच पतियों से विवाह का रहस्य उनके पूर्व जन्म से जुड़ा हुआ है? इस कथा के … Read more

Mahabharat| महाभारत के भीष्म पितामह 58 दिन बाणों पर क्यों लेटे रहे? जानें उनकी इच्छा मृत्यु और मोक्ष की रहस्यमयी कथा

Mahabharat Story: भीष्म पितामह एक ऐसे योद्धा और तपस्वी थे जिन्होंने आजीवन ब्रह्मचर्य का व्रत लिया, हस्तिनापुर की सेवा को अपना धर्म माना और अंत तक धर्म के मार्ग पर चलने का प्रयास किया। महाभारत युद्ध में भीष्म पितामह कौरव पक्ष के सेनापति थे और अर्जुन के बाणों से बिंधकर शर शय्या पर गिर पड़े। … Read more

Mahabharat | महाभारत के युद्ध में भगवान श्री कृष्ण ने क्यों तोड़ा युद्ध ना लड़ने का प्रण |भीष्म पितामह को मारने क्यों दौड़े भगवान कृष्ण

Mahabharat Story: यह प्रसंग महाभारत के युद्ध का है, जहाँ भगवान श्रीकृष्ण ने स्वयं युद्ध में शस्त्र न उठाने का संकल्प लिया था। उन्होंने अर्जुन के सारथी बनकर उसे धर्म का मार्ग दिखाया। लेकिन युद्ध के दौरान एक ऐसा क्षण भी आया जब उन्हें अपना यह प्रण तोड़ने की नौबत आ गई। आइए जानते हैं … Read more

Mahabharat: क्या अंगराज कर्ण का पहला प्रेम द्रौपदी थी? जानिये किससे हुआ था कर्ण का विवाह और उनके कितने पुत्र थे

महाभारत के प्रमुख पात्रों में से एक अंगराज कर्ण का जीवन अनेक रहस्यों और संघर्षों से भरा हुआ था। जन्म से कुंती पुत्र होने के बावजूद वह सूत पुत्र के नाम से जाना गया, जिससे उसे समाज में बार-बार अपमान सहना पड़ा। दुर्योधन ने कर्ण को अपना मित्र बनाकर अंगदेश का राजा बनाया, लेकिन समाज … Read more

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